Updated On: 26 Oct, 2025

हैरी ब्रूक ने बचाई इंग्लैंड की लाज, न्यूजीलैंड के खिलाफ खेली करियर की सर्वश्रेष्ठ पारी

इंग्लैंड क्रिकेट टीम के स्टार बल्लेबाज और कप्तान हैरी ब्रूक ने न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले वनडे में शानदार शतक जड़कर सबको चौंका दिया। उन्होंने मात्र 101 गेंदों पर 135 रन बनाए, जिसमें 9 चौके और 11 छक्के शामिल थे। यह उनके वनडे करियर का दूसरा शतक और न्यूजीलैंड के खिलाफ पहला शतक रहा। ब्रूक की इस तूफानी पारी की बदौलत इंग्लैंड ने मुश्किल हालात में भी 223 रन का सम्मानजनक स्कोर खड़ा किया।

इंग्लैंड की पारी में अकेले चमके ब्रूक
जब इंग्लैंड की टीम 56 रन पर 6 विकेट खो चुकी थी, तब हैरी ब्रूक ने कप्तानी पारी खेलते हुए टीम को उबार लिया। उन्होंने पहले जेमी ओवरटन (46 रन) के साथ 87 गेंदों में 87 रन की साझेदारी की। इसके बाद आखिरी विकेट के लिए ल्यूक वुड के साथ 32 गेंदों में 57 रन जोड़े। उनकी यह पारी इंग्लैंड के संघर्षपूर्ण स्कोर की रीढ़ साबित हुई। न्यूजीलैंड के लिए जैकरी फॉल्क्स ने सबसे बढ़िया गेंदबाजी करते हुए 4 विकेट झटके।

ब्रूक ने बनाया नया रिकॉर्ड
इस शतक के साथ ब्रूक इंग्लैंड के लिए वनडे में 10 या उससे ज्यादा छक्के लगाने वाले केवल चौथे खिलाड़ी बन गए हैं। उनसे पहले यह उपलब्धि इयोन मोर्गन (17 छक्के बनाम अफगानिस्तान, 2019), जोस बटलर (14 और 12 छक्के) और बेन स्टोक्स (10 छक्के बनाम भारत, 2021) हासिल कर चुके हैं। ब्रूक ने कीवी गेंदबाजों के खिलाफ 11 छक्के लगाकर इस लिस्ट में अपना नाम दर्ज करा लिया।

वनडे करियर में ऐसे हैं उनके आंकड़े
ब्रूक ने अपना वनडे डेब्यू साल 2023 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ किया था। तब से अब तक उन्होंने 33 मैचों में 1,130 रन बनाए हैं। उनकी औसत 38.96 और स्ट्राइक रेट करीब 100 से ऊपर रहा है। उनके नाम 2 शतक और 6 अर्धशतक दर्ज हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ उन्होंने 5 पारियों में 49.25 की औसत से 197 रन बनाए हैं।

इंग्लैंड की टीम पर संकट
ब्रूक की इस शानदार पारी के बावजूद इंग्लैंड की बल्लेबाजी कमजोर रही। शुरुआती छह बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा भी नहीं छू पाए। अगर ब्रूक का बल्ला नहीं चलता, तो टीम 150 रन तक भी नहीं पहुंच पाती। कीवी गेंदबाजों में जेकब डफी (3 विकेट) और मैट हेनरी (2 विकेट) ने भी प्रभावी प्रदर्शन किया।

हैरी ब्रूक की यह पारी इंग्लैंड के लिए न सिर्फ मैच बचाने वाली रही, बल्कि उनके करियर की भी सबसे यादगार पारियों में गिनी जाएगी। उनके शानदार प्रदर्शन ने यह साबित कर दिया कि वे इंग्लैंड के लिए आने वाले वर्षों में वनडे क्रिकेट के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाजों में से एक बन सकते हैं।